“गाँव के तिरंगे तले: बचपन के गणतंत्र दिवस की मिठास”
करीब 25 साल पहले की बात है, जब मैं सिर्फ़ एक बच्चा था, अपनी ज़िंदगी के सबसे मासूम और सुनहरे दिनों को जी रहा था। गाँव के छोटे से सरकारी स्कूल में, जहाँ हमने पढ़ाई की शुरुआत की, वहाँ की हर याद आज भी दिल में बसी हुई है। और खासकर गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता…
